सर्व मंगल मांगल्ये
सर्वमंगलमांगल्ये शिवे सर्वार्थसाधिके।
शरण्ये त्र्यम्बके गौरि नारायणि नमोऽस्तु ते॥
हे सभी मंगलों की मंगलकारी, हे सभी लक्ष्यों को पूर्ण करने वाली शिवे, हे शरण देने वाली, हे त्रिनेत्री गौरी, हे नारायणी, आपको न…
श्लोक / पद्य
सरल - कोई भी जप कर सकता है